श्रम मंत्रालय ने ज़ोमैटो के साथ MoU किया; राष्ट्रीय करियर सेवा पोर्टल पर हर वर्ष 2.5 लाख गिग अवसर
14 अक्टूबर 2025 को नई दिल्ली में श्रम एवं रोजगार मंत्रालय ने ज़ोमैटो के साथ MoU किया, जो नई 'एग्रीगेटर' श्रेणी में राष्ट्रीय करियर सेवा पोर्टल पर हर वर्ष लगभग 2.5 लाख लचीले आजीविका अवसर सूचीबद्ध करेगा।
सारांश
14 अक्टूबर 2025 को नई दिल्ली में श्रम एवं रोजगार मंत्रालय ने केंद्रीय मंत्री मनसुख मांडविया की उपस्थिति में ज़ोमैटो के साथ MoU किया, ताकि राष्ट्रीय करियर सेवा (NCS) प्लेटफॉर्म के जरिए लचीले, प्रौद्योगिकी-आधारित रोजगार तक पहुंच बढ़े। नई 'एग्रीगेटर' श्रेणी में ज़ोमैटो डिलीवरी पार्टनरों और गिग श्रमिकों के लिए हर वर्ष लगभग 2.5 लाख लचीले आजीविका अवसर सूचीबद्ध करेगा। मांडविया ने बताया कि 2015 में शुरू NCS पोर्टल ने 7.7 करोड़ से अधिक रिक्तियां जुटाई हैं। श्रम सचिव वंदना गुरनानी ने बताया कि सामाजिक सुरक्षा कवरेज 2015 के 19% से बढ़कर 2025 में 64.3% हो गया, जो 94 करोड़ नागरिकों तक पहुंचा। पिछले एक वर्ष में मंत्रालय ने अमेज़न, स्विगी, रैपिडो और ज़ेप्टो सहित 14 संगठनों के साथ MoU किए हैं।
मुख्य तथ्य
- MoU
- श्रम मंत्रालय – ज़ोमैटो, 14 अक्टूबर 2025, नई दिल्ली
- प्लेटफॉर्म
- राष्ट्रीय करियर सेवा (NCS), 2015 में शुरू
- ज़ोमैटो सूची
- ~2.5 लाख अवसर प्रति वर्ष, 'एग्रीगेटर' श्रेणी
- NCS रिक्तियां
- 7.7 करोड़+
- सामाजिक सुरक्षा कवरेज
- 19% (2015) → 64.3% (2025), 94 करोड़ लोग
- अन्य MoU
- एक वर्ष में 14, जिनमें अमेज़न, स्विगी, रैपिडो, ज़ेप्टो
अभ्यास MCQ 2 प्रश्न
श्रम मंत्रालय के साथ अक्टूबर 2025 के MoU के तहत ज़ोमैटो राष्ट्रीय करियर सेवा पोर्टल पर हर वर्ष लगभग कितने लचीले आजीविका अवसर सूचीबद्ध करेगा?
उत्तर देखें
सही उत्तर: B — 2.5 लाख
PIB: नई 'एग्रीगेटर' श्रेणी में ज़ोमैटो NCS पोर्टल पर हर वर्ष लगभग 2.5 लाख लचीले आजीविका अवसर सूचीबद्ध करेगा।
अक्टूबर 2025 में श्रम मंत्रालय से संबंधित निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. राष्ट्रीय करियर सेवा पोर्टल 2020 में शुरू हुआ और 7.7 करोड़ से अधिक रिक्तियां जुटा चुका है। 2. भारत का सामाजिक सुरक्षा कवरेज 2015 के 19% से बढ़कर 2025 में 74.3% हो गया। उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
उत्तर देखें
सही उत्तर: D — न तो 1 और न ही 2
कोई भी सही नहीं है। PIB: NCS पोर्टल 2015 (2020 नहीं) में शुरू हुआ और 7.7 करोड़ से अधिक रिक्तियां जुटा चुका है; सामाजिक सुरक्षा कवरेज 2015 के 19% से बढ़कर 2025 में 64.3% (74.3% नहीं) हुआ, जो 94 करोड़ नागरिकों तक पहुंचा।