दिशा 2.0: न्याय तक तकनीक-आधारित पहुंच के लिए ₹255 करोड़ की योजना (2026-31)
विधि मंत्रालय ने 25 जुलाई 2026 को संसद को बताया कि दिशा 2.0 (न्याय तक समग्र पहुंच के लिए नवीन समाधान), 2026-31 के लिए ₹255 करोड़ परिव्यय वाली केंद्रीय क्षेत्र योजना, पूरे देश में लागू की जा रही है।
सारांश
दिशा 2.0 नागरिक-अनुकूल कानूनी सेवाओं के विस्तार के लिए तकनीक का उपयोग करती है। इसके चार घटक हैं: टेली-लॉ ('रीचिंग द अनरीच्ड' – सभी को मुकदमे-पूर्व मुफ्त सलाह), न्याय बंधु निःशुल्क (प्रो बोनो) कानूनी सेवा कार्यक्रम, विधिक साक्षरता एवं जागरूकता कार्यक्रम, और विधि (VIDHI)-संजीवनी। टेली-लॉ मोबाइल ऐप, टोल-फ्री नंबर 14454 और कॉमन सर्विस सेंटरों की वीडियो सुविधा से लोगों को पैनल वकीलों से जोड़ता है; आकांक्षी ब्लॉकों में न्याय सहायक सामुदायिक विधिक सहायक के रूप में काम करते हैं।
मुख्य तथ्य
- योजना
- दिशा 2.0 – केंद्रीय क्षेत्र योजना
- परिव्यय / अवधि
- ₹255 करोड़, 2026-31
- घटक
- टेली-लॉ; न्याय बंधु; विधिक साक्षरता; विधि-संजीवनी
- टेली-लॉ हेल्पलाइन
- 14454
अभ्यास MCQ 2 प्रश्न
2026-31 के लिए दिशा 2.0 योजना का स्वीकृत परिव्यय कितना है?
उत्तर देखें
सही उत्तर: B — ₹255 करोड़
दिशा 2.0 2026-31 के लिए ₹255 करोड़ के स्वीकृत परिव्यय वाली केंद्रीय क्षेत्र योजना है।
निम्नलिखित में से कौन-सा दिशा 2.0 के चार घटकों में से एक नहीं है?
उत्तर देखें
सही उत्तर: D — ई-कोर्ट्स चरण III
चार घटक हैं – टेली-लॉ, न्याय बंधु, विधिक साक्षरता एवं जागरूकता, और विधि-संजीवनी। ई-कोर्ट्स चरण III एक अलग योजना है।