PLFS अप्रैल–जून 2026: शहरी बेरोज़गारी 6.7% पर स्थिर, LFPR 54.6%
10 अगस्त 2026 को जारी अप्रैल–जून 2026 के आवधिक श्रम बल सर्वेक्षण बुलेटिन में शहरी बेरोज़गारी दर 6.7% और कुल श्रम बल भागीदारी दर 54.6% रही।
सारांश
MoSPI द्वारा 10 अगस्त 2026 को जारी राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय के आवधिक श्रम बल सर्वेक्षण (PLFS) के अप्रैल–जून 2026 त्रैमासिक बुलेटिन में 15 वर्ष और अधिक आयु के लोगों के लिए शहरी बेरोज़गारी दर 6.7% पर लगभग स्थिर रही। कुल श्रम बल भागीदारी दर (LFPR) पिछली तिमाही के 55.5% से घटकर 54.6% रही, जबकि शहरी LFPR 50.2% पर अपरिवर्तित रही। शहरी पुरुष LFPR 75.0% से बढ़कर 75.3% हुई और शहरी कामगार जनसंख्या अनुपात 46.8% पर रहा। नियमित वेतन/वेतनभोगी कर्मचारियों का हिस्सा ग्रामीण क्षेत्रों में 15.5% से 16.1% और शहरी क्षेत्रों में 48.9% से 49.3% हुआ।
मुख्य तथ्य
- अवधि
- अप्रैल–जून 2026 (10 अगस्त 2026 को जारी)
- शहरी बेरोज़गारी दर
- 6.7%
- कुल LFPR
- 54.6% (पिछली तिमाही 55.5%)
- शहरी LFPR / पुरुष LFPR
- 50.2% / 75.3%
- शहरी WPR
- 46.8%
- नियमित वेतन हिस्सा
- ग्रामीण 16.1%; शहरी 49.3%
अभ्यास MCQ 3 प्रश्न
अप्रैल–जून 2026 के PLFS त्रैमासिक बुलेटिन में शहरी बेरोज़गारी दर (15+ आयु) कितनी थी?
उत्तर देखें
सही उत्तर: B — 6.7%
अप्रैल–जून 2026 में शहरी बेरोज़गारी दर 6.7% पर लगभग स्थिर रही।
आवधिक श्रम बल सर्वेक्षण (PLFS) कौन-सा संगठन करता है?
उत्तर देखें
सही उत्तर: D — राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय, MoSPI
PLFS सांख्यिकी एवं कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय के अधीन राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) करता है।
अप्रैल–जून 2026 के PLFS बुलेटिन के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें: 1. कुल LFPR पिछली तिमाही की तुलना में बढ़ी। 2. नियमित वेतन/वेतनभोगी कर्मचारियों का हिस्सा ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में बढ़ा। उपरोक्त में से कौन सा/से कथन सही है/हैं?
उत्तर देखें
सही उत्तर: B — केवल 2
केवल कथन 2 सही है। कुल LFPR 55.5% से घटकर 54.6% हुई, जबकि नियमित वेतन हिस्सा ग्रामीण (16.1%) और शहरी (49.3%) दोनों में बढ़ा।