NBA ने पहुंच और लाभ-साझाकरण के तहत आंध्र प्रदेश के लाल चंदन किसानों को ₹3 करोड़ जारी किए
राष्ट्रीय जैव विविधता प्राधिकरण (NBA) ने 4 नवंबर 2025 को बताया कि उसने जैविक विविधता अधिनियम के पहुंच और लाभ-साझाकरण तंत्र के तहत आंध्र प्रदेश के 199 लाभार्थियों, अधिकतर लाल चंदन उत्पादकों, को ₹3 करोड़ वितरित किए।
सारांश
आंध्र प्रदेश राज्य जैव विविधता बोर्ड के माध्यम से दिया गया NBA का ₹3 करोड़ का लाभ-साझाकरण भुगतान चित्तूर, नेल्लोर, तिरुपति और कडप्पा जिलों के 48 गांवों के लाल चंदन (Pterocarpus santalinus) उगाने वाले 198 किसानों और आंध्र विश्वविद्यालय को मिला। प्रत्येक किसान को आपूर्ति की गई लकड़ी के अनुसार ₹33,000 से ₹22 लाख तक मिलेंगे। NBA पहले लाल चंदन संरक्षण के लिए आंध्र प्रदेश और कर्नाटक वन विभागों तथा AP राज्य जैव विविधता बोर्ड को ₹48 करोड़ और तमिलनाडु के किसानों को ₹55 लाख जारी कर चुका है।
मुख्य तथ्य
- राशि
- 199 लाभार्थियों को ₹3 करोड़
- प्रजाति
- लाल चंदन (Pterocarpus santalinus)
- जिले
- चित्तूर, नेल्लोर, तिरुपति, कडप्पा (48 गांव)
- तंत्र
- पहुंच और लाभ-साझाकरण, जैविक विविधता अधिनियम
- प्रति किसान
- ₹33,000 से ₹22 लाख
- पहले
- संरक्षण हेतु ₹48 करोड़; TN किसानों को ₹55 लाख
अभ्यास MCQ 3 प्रश्न
नवंबर 2025 में राष्ट्रीय जैव विविधता प्राधिकरण ने पहुंच और लाभ-साझाकरण के तहत आंध्र प्रदेश के लाल चंदन किसानों व अन्य को कितनी राशि वितरित की?
उत्तर देखें
सही उत्तर: A — ₹3 करोड़
NBA ने 198 लाल चंदन किसानों और आंध्र विश्वविद्यालय सहित 199 लाभार्थियों को ₹3 करोड़ वितरित किए; ₹48 करोड़ और ₹55 लाख पहले जारी किए गए थे।
नवंबर 2025 में NBA से लाभ-साझाकरण भुगतान पाने वाले किसान जिस लाल चंदन की खेती करते हैं, उसका वैज्ञानिक नाम क्या है?
उत्तर देखें
सही उत्तर: B — Pterocarpus santalinus
लाल चंदन का वैज्ञानिक नाम Pterocarpus santalinus है, जो इस क्षेत्र की एक अत्यंत मूल्यवान स्थानिक प्रजाति है।
NBA का नवंबर 2025 का लाभ-साझाकरण भुगतान आंध्र प्रदेश के चार जिलों के लाल चंदन किसानों तक पहुंचा। इनमें से कौन-सा जिला उनमें नहीं था?
उत्तर देखें
सही उत्तर: D — कुरनूल
लाभार्थी चित्तूर, नेल्लोर, तिरुपति और कडप्पा जिलों के 48 गांवों से थे; कुरनूल सूची में नहीं था।