बिजली मंत्री मनोहर लाल ने जम्मू-कश्मीर में पकल दुल, किरू और क्वार जलविद्युत परियोजनाओं की समीक्षा की
केंद्रीय बिजली मंत्री मनोहर लाल ने 5 जनवरी 2026 को किश्तवाड़ में चिनाब वैली पावर प्रोजेक्ट्स लिमिटेड की पकल दुल, किरू और क्वार जलविद्युत परियोजनाओं का निरीक्षण किया और दिसंबर 2026 व मार्च 2028 की कमीशनिंग समय-सीमा तय की।
सारांश
केंद्रीय बिजली मंत्री मनोहर लाल ने 5 जनवरी 2026 को जम्मू-कश्मीर का दो-दिवसीय दौरा पूरा किया; 4 जनवरी को उन्होंने सलाल, सावलकोट और रतले परियोजनाओं की समीक्षा की थी। 5 जनवरी को मंत्री ने किश्तवाड़ में NHPC के दुलहस्ती पावर स्टेशन पहुँचने के बाद चिनाब वैली पावर प्रोजेक्ट्स लिमिटेड (CVPP) की तीनों परियोजनाओं — पकल दुल (1,000 MW), किरू (624 MW) और क्वार (540 MW) — का निरीक्षण किया। मनोहर लाल ने पकल दुल और किरू को दिसंबर 2026 तक तथा क्वार को मार्च 2028 तक चालू करने का निर्देश दिया।
मुख्य तथ्य
- दौरा
- 4–5 जनवरी 2026, जम्मू-कश्मीर
- पहला दिन
- सलाल, सावलकोट और रतले परियोजनाओं की समीक्षा
- CVPP परियोजनाएँ
- पकल दुल 1,000 MW; किरू 624 MW; क्वार 540 MW
- समय-सीमा
- पकल दुल और किरू दिसंबर 2026; क्वार मार्च 2028
- स्थान
- किश्तवाड़; NHPC का दुलहस्ती पावर स्टेशन
अभ्यास MCQ 3 प्रश्न
जनवरी 2026 में बिजली मंत्री मनोहर लाल द्वारा समीक्षा की गई चिनाब वैली पावर प्रोजेक्ट्स लिमिटेड की तीन जलविद्युत परियोजनाओं में सबसे बड़ी कौन-सी है?
उत्तर देखें
सही उत्तर: C — पकल दुल
PIB (बिजली मंत्रालय): CVPP परियोजनाएँ पकल दुल (1,000 MW), किरू (624 MW) और क्वार (540 MW) हैं।
जनवरी 2026 में समीक्षा की गई पकल दुल, किरू और क्वार जलविद्युत परियोजनाएँ जम्मू-कश्मीर के किस ज़िले में हैं?
उत्तर देखें
सही उत्तर: A — किश्तवाड़
PIB (बिजली मंत्रालय): मंत्री NHPC के दुलहस्ती पावर स्टेशन, किश्तवाड़ पहुँचे और CVPP की तीनों परियोजनाओं का निरीक्षण किया।
4–5 जनवरी 2026 को बिजली मंत्री मनोहर लाल द्वारा समीक्षा की गई जलविद्युत परियोजनाओं के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें: 1. पकल दुल और किरू को दिसंबर 2026 तक चालू किया जाना है। 2. क्वार को मार्च 2028 तक चालू किया जाना है। 3. किरू की क्षमता पकल दुल से अधिक है। उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
उत्तर देखें
सही उत्तर: D — केवल 1 और 2
PIB (बिजली मंत्रालय): पकल दुल और किरू दिसंबर 2026 तक और क्वार मार्च 2028 तक। किरू 624 MW और पकल दुल 1,000 MW है, इसलिए कथन 3 गलत है।