J&K में CSIR हेल्थकेयर थीम कॉन्क्लेव में जितेंद्र सिंह: जैव-अर्थव्यवस्था 130 अरब डॉलर की हुई
16 नवंबर 2024 को जम्मू-कश्मीर के SKICC में केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने CSIR हेल्थकेयर थीम कॉन्क्लेव का उद्घाटन सत्र संबोधित किया और J&K को भारत की 'विकसित भारत' यात्रा का अहम भागीदार बताया।
सारांश
16 नवंबर 2024 को जम्मू-कश्मीर के SKICC में केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेंद्र सिंह ने CSIR हेल्थकेयर थीम कॉन्क्लेव के उद्घाटन सत्र को संबोधित किया और J&K को भारत की 'विकसित भारत' यात्रा का अहम भागीदार बताया। उन्होंने कहा कि भारत की जैव-अर्थव्यवस्था 2014 के 10 अरब डॉलर से बढ़कर 130 अरब डॉलर हो गई है और 2030 तक 300 अरब डॉलर तक पहुँचने की राह पर है। उन्होंने कहा कि 1.6 लाख से अधिक उपक्रमों के साथ भारत का स्टार्टअप इकोसिस्टम अब विश्व का तीसरा सबसे बड़ा है, और अंतरिक्ष क्षेत्र में भागीदार तीन साल पहले के इकाई अंक से बढ़कर 300 से अधिक हो गए हैं।
मुख्य तथ्य
- तिथि/स्थान
- 16 नवंबर 2024, SKICC, जम्मू-कश्मीर
- कार्यक्रम
- CSIR हेल्थकेयर थीम कॉन्क्लेव (उद्घाटन)
- जैव-अर्थव्यवस्था
- 10 अरब डॉलर (2014) → 130 अरब डॉलर; 2030 तक 300 अरब डॉलर लक्ष्य
- स्टार्टअप
- तीसरा सबसे बड़ा; 1.6 लाख+ उपक्रम
- अंतरिक्ष
- 300+ भागीदार, तीन साल पहले इकाई अंक
अभ्यास MCQ 2 प्रश्न
नवंबर 2024 में CSIR हेल्थकेयर थीम कॉन्क्लेव में डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि 2030 तक भारत की जैव-अर्थव्यवस्था किस आकार तक पहुँचने की राह पर है?
उत्तर देखें
सही उत्तर: A — 300 अरब डॉलर
PIB (विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी): जैव-अर्थव्यवस्था 2014 के 10 अरब डॉलर से बढ़कर 130 अरब डॉलर हुई है और 2030 तक 300 अरब डॉलर तक पहुँचने की राह पर है।
CSIR हेल्थकेयर थीम कॉन्क्लेव (नवंबर 2024) में डॉ. जितेंद्र सिंह के अनुसार भारत का स्टार्टअप इकोसिस्टम विश्व में किस स्थान पर है?
उत्तर देखें
सही उत्तर: D — तीसरा
PIB (विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी): उन्होंने कहा कि 1.6 लाख से अधिक उपक्रमों के साथ भारत का स्टार्टअप इकोसिस्टम अब विश्व में तीसरा सबसे बड़ा है।