भारत और अमेरिका अंतरिम व्यापार समझौते के ढाँचे पर सहमत; भारतीय वस्तुओं पर अमेरिकी पारस्परिक शुल्क 18% तय
भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका ने 7 फरवरी 2026 (IST) को जारी संयुक्त वक्तव्य में पारस्परिक व्यापार पर अंतरिम समझौते के ढाँचे की घोषणा की, जिसका प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उसी दिन स्वागत किया।
सारांश
भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका ने 7 फरवरी 2026 को वाणिज्य मंत्रालय द्वारा जारी संयुक्त वक्तव्य में घोषणा की कि वे पारस्परिक और परस्पर लाभकारी व्यापार पर अंतरिम समझौते के ढाँचे पर पहुँच गए हैं। यह 13 फरवरी 2025 को राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू की गई व्यापक भारत–अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौता (BTA) वार्ता की पुष्टि करता है। भारत सभी अमेरिकी औद्योगिक वस्तुओं और कई अमेरिकी खाद्य व कृषि उत्पादों — जैसे ड्राइड डिस्टिलर्स ग्रेन्स, पशु आहार के लिए लाल ज्वार, मेवे, फल, सोयाबीन तेल, वाइन और स्पिरिट — पर शुल्क खत्म या कम करेगा। अमेरिका वस्त्र और परिधान, चमड़ा और जूते, प्लास्टिक, कार्बनिक रसायन और गृह सज्जा जैसी भारतीय वस्तुओं पर 18% पारस्परिक शुल्क लगाएगा और अंतरिम समझौता पूरा होने पर जेनेरिक दवाओं, रत्न और हीरे तथा विमान पुर्जों जैसी वस्तुओं पर इसे हटा देगा। अमेरिका कुछ भारतीय विमानों और पुर्जों पर धारा 232 शुल्क भी हटाएगा और भारत को ऑटो पुर्जों के लिए तरजीही टैरिफ-रेट कोटा मिलेगा। भारत अगले पाँच वर्षों में 500 अरब डॉलर की अमेरिकी ऊर्जा, विमान, कीमती धातुएँ, प्रौद्योगिकी उत्पाद और कोकिंग कोयला खरीदने का इरादा रखता है। दोनों पक्ष अमेरिकी चिकित्सा उपकरणों और ICT वस्तुओं सहित गैर-शुल्क बाधाओं को दूर करेंगे और उत्पत्ति के नियम तय करेंगे। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि यह ढाँचा 'मेक इन इंडिया' को मज़बूत करेगा और महिलाओं व युवाओं के लिए रोज़गार पैदा करेगा।
मुख्य तथ्य
- घोषणा
- संयुक्त वक्तव्य, 7 फरवरी 2026 (IST)
- व्यापक वार्ता
- BTA 13 फरवरी 2025 को शुरू
- भारतीय वस्तुओं पर अमेरिकी शुल्क
- 18% पारस्परिक शुल्क; समझौता पूरा होने पर जेनेरिक दवाओं, रत्न-हीरों, विमान पुर्जों पर हटेगा
- भारत की कटौती
- सभी अमेरिकी औद्योगिक वस्तुएँ; DDGs, लाल ज्वार, मेवे, फल, सोयाबीन तेल, वाइन और स्पिरिट
- खरीद
- 5 वर्षों में 500 अरब डॉलर की अमेरिकी वस्तुएँ खरीदने का इरादा
- अन्य
- विमान पुर्जों पर धारा 232 राहत; ऑटो पुर्जों का टैरिफ-रेट कोटा; उत्पत्ति के नियम; गैर-शुल्क बाधाएँ
अभ्यास MCQ 5 प्रश्न
7 फरवरी 2026 को घोषित भारत–अमेरिका अंतरिम व्यापार समझौते के ढाँचे के तहत अमेरिका भारतीय मूल की वस्तुओं पर कितना पारस्परिक शुल्क लगाएगा?
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सही उत्तर: B — 18%
अमेरिका भारतीय मूल की वस्तुओं पर 18% पारस्परिक शुल्क लगाएगा।
फरवरी 2026 के भारत–अमेरिका ढाँचे के तहत भारत अगले पाँच वर्षों में कितनी अमेरिकी वस्तुएँ खरीदने का इरादा रखता है?
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सही उत्तर: D — 500 अरब डॉलर
भारत अगले पाँच वर्षों में 500 अरब डॉलर की अमेरिकी ऊर्जा, विमान और पुर्जे, कीमती धातुएँ, प्रौद्योगिकी उत्पाद और कोकिंग कोयला खरीदने का इरादा रखता है।
फरवरी 2026 के ढाँचे द्वारा पुष्ट व्यापक भारत–अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौता (BTA) वार्ता कब शुरू हुई थी?
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सही उत्तर: A — 13 फरवरी 2025
BTA वार्ता राष्ट्रपति ट्रंप और प्रधानमंत्री मोदी ने 13 फरवरी 2025 को शुरू की थी।
फरवरी 2026 के भारत–अमेरिका अंतरिम व्यापार समझौते के ढाँचे के बारे में निम्नलिखित पर विचार कीजिए: 1. भारत सभी अमेरिकी औद्योगिक वस्तुओं पर शुल्क खत्म या कम करेगा। 2. अंतरिम समझौता पूरा होने पर अमेरिका जेनेरिक दवाओं, रत्न और हीरे तथा विमान पुर्जों जैसी वस्तुओं पर पारस्परिक शुल्क हटा देगा। उपरोक्त में से कौन-सा/से सही है/हैं?
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सही उत्तर: C — 1 और 2 दोनों
संयुक्त वक्तव्य के अनुसार दोनों सही हैं।
फरवरी 2026 के भारत–अमेरिका संयुक्त वक्तव्य के बारे में निम्नलिखित पर विचार कीजिए: 1. भारत को ऑटो पुर्जों के लिए तरजीही टैरिफ-रेट कोटा मिलेगा। 2. भारत अमेरिकी डेयरी उत्पादों पर सभी शुल्क खत्म करने पर सहमत हुआ। उपरोक्त में से कौन-सा/से सही है/हैं?
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सही उत्तर: A — केवल 1
केवल 1 सही है। शुल्क कटौती वाले कृषि उत्पादों में DDGs, लाल ज्वार, मेवे, फल, सोयाबीन तेल, वाइन और स्पिरिट हैं; डेयरी इनमें नहीं है।