भारत–फ्रांस अंतरिक्ष सहयोग मानव अंतरिक्ष उड़ान, स्टार्ट-अप और न्यू स्पेस पर केंद्रित होगा: जितेंद्र सिंह
28 सितंबर 2026 को फ्रांस के उच्च शिक्षा, अनुसंधान और अंतरिक्ष मंत्री फिलिप बैप्टिस्ट के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने अंतरिक्ष सहयोग बढ़ाने के लिए नई दिल्ली में राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह से मुलाकात की।
सारांश
जितेंद्र सिंह ने कहा कि 1960 के दशक में साउंडिंग रॉकेट प्रयोगों से शुरू हुई साझेदारी अब संयुक्त उपग्रह मिशन, प्रक्षेपण यान तकनीक और मानव अंतरिक्ष उड़ान तक फैली है। उन्होंने कहा कि TRISHNA मिशन, गगनयान और भारत के 400 से अधिक अंतरिक्ष स्टार्ट-अप नए अवसर खोलते हैं, और 2026 भारत–फ्रांस नवाचार वर्ष गहरे वैज्ञानिक व तकनीकी सहयोग के रास्ते बनाता है। उन्होंने सरकार–उद्योग और स्टार्ट-अप सहयोग बढ़ाने का आह्वान किया।
मुख्य तथ्य
- बैठक
- फिलिप बैप्टिस्ट (फ्रांस के उच्च शिक्षा, अनुसंधान और अंतरिक्ष मंत्री) और जितेंद्र सिंह, नई दिल्ली, 28 सितंबर 2026
- इतिहास
- 1960 के दशक के साउंडिंग रॉकेट प्रयोगों से सहयोग
- फोकस क्षेत्र
- मानव अंतरिक्ष उड़ान, स्टार्ट-अप, न्यू स्पेस इकोसिस्टम
- उल्लिखित मिशन
- TRISHNA, गगनयान
- भारतीय अंतरिक्ष स्टार्ट-अप
- 400+
- 2026
- भारत–फ्रांस नवाचार वर्ष
अभ्यास MCQ 2 प्रश्न
सितंबर 2026 में जितेंद्र सिंह ने गगनयान के साथ किस मिशन को भारत–फ्रांस अंतरिक्ष साझेदारी के लिए नए अवसर पैदा करने वाला बताया?
उत्तर देखें
सही उत्तर: B — TRISHNA
जितेंद्र सिंह ने कहा कि TRISHNA, गगनयान और भारत के 400+ अंतरिक्ष स्टार्ट-अप भारत–फ्रांस साझेदारी के लिए नए अवसर पैदा करते हैं।
वर्ष 2026 को भारत–फ्रांस के किस वर्ष के रूप में नामित किया गया है?
उत्तर देखें
सही उत्तर: B — नवाचार
जितेंद्र सिंह ने कहा कि 2026 भारत–फ्रांस नवाचार वर्ष वैज्ञानिक और तकनीकी सहयोग के नए रास्ते खोलता है।