भारत और ब्राज़ील ने इस्पात क्षेत्र के खनिज, औषधि विनियमन और MSME पर समझौता ज्ञापन किए
भारत और ब्राज़ील ने 21 फरवरी 2026 को नई दिल्ली में राष्ट्रपति लूला की राजकीय यात्रा के दौरान इस्पात क्षेत्र के खनिजों, औषधि एवं चिकित्सा उत्पाद विनियमन और MSME सहयोग पर समझौता ज्ञापन किए।
सारांश
भारत और ब्राज़ील ने 21 फरवरी 2026 को नई दिल्ली में राष्ट्रपति लूला की राजकीय यात्रा के दौरान इस्पात क्षेत्र के खनिजों, औषधि एवं चिकित्सा उत्पाद विनियमन और MSME सहयोग पर समझौता ज्ञापन किए। इस्पात मंत्रालय और ब्राज़ील के खान एवं ऊर्जा मंत्रालय ने इस्पात निर्माण हेतु खनन और खनिजों पर MoU किया; ब्राज़ील लौह अयस्क के अग्रणी उत्पादकों में है और उसके पास मैंगनीज़, निकल और नियोबियम के भंडार हैं, जबकि भारत की इस्पात निर्माण क्षमता 218 मिलियन टन है। भारत के CDSCO और ब्राज़ीलियाई स्वास्थ्य नियामक एजेंसी (ANVISA) ने हैदराबाद हाउस में दवाओं, जैविक उत्पादों और चिकित्सा उपकरणों के विनियमन पर MoU का आदान-प्रदान किया। MSME मंत्रालय ने ब्राज़ील के उद्यमिता, सूक्ष्म एवं लघु उद्यम मंत्रालय के साथ MoU किया, जिसमें MSME के लिए हरित वित्त तक पहुँच भी शामिल है।
मुख्य तथ्य
- तिथि
- 21 फरवरी 2026, नई दिल्ली
- इस्पात MoU
- इस्पात मंत्रालय – ब्राज़ील का खान एवं ऊर्जा मंत्रालय
- खनिज
- लौह अयस्क, मैंगनीज़, निकल, नियोबियम
- भारत की इस्पात क्षमता
- 218 मिलियन टन
- स्वास्थ्य MoU
- CDSCO – ANVISA (चिकित्सा उत्पाद विनियमन)
- MSME MoU
- हरित वित्त तक पहुँच सहित
अभ्यास MCQ 2 प्रश्न
भारत के CDSCO ने 21 फरवरी 2026 को औषधि एवं चिकित्सा उत्पाद विनियमन पर किस ब्राज़ीलियाई एजेंसी के साथ MoU का आदान-प्रदान किया?
उत्तर देखें
सही उत्तर: D — ANVISA
MoU भारत के केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (CDSCO) और ब्राज़ीलियाई स्वास्थ्य नियामक एजेंसी (ANVISA) के बीच हुआ।
21 फरवरी 2026 के भारत–ब्राज़ील इस्पात क्षेत्र MoU के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. इस पर भारत के इस्पात मंत्रालय और ब्राज़ील के खान एवं ऊर्जा मंत्रालय ने हस्ताक्षर किए। 2. PIB ने भारत की वर्तमान इस्पात निर्माण क्षमता 300 मिलियन टन बताई। उपरोक्त में से कौन-सा/से सही है/हैं?
उत्तर देखें
सही उत्तर: A — केवल 1
केवल 1 सही है। PIB के अनुसार भारत की वर्तमान इस्पात निर्माण क्षमता 218 मिलियन टन है, 300 नहीं।