हरियाणा 'स्मार्ट एग्रीकल्चर' के तहत कुरुक्षेत्र में 2,000 एकड़ का प्राकृतिक खेती क्लस्टर विकसित करेगा
7 जून 2026 को कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के सहयोग से 'स्मार्ट एग्रीकल्चर' पहल के तहत कुरुक्षेत्र ज़िले में 2,000 एकड़ प्राकृतिक खेती क्लस्टर की घोषणा की।
सारांश
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने 7 जून 2026 को कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के श्रीमद भगवद गीता सदन में राज्य स्तरीय प्राकृतिक खेती कार्यक्रम में घोषणा की कि हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के सहयोग से 'स्मार्ट एग्रीकल्चर' पहल के तहत कुरुक्षेत्र ज़िले में 2,000 एकड़ के क्लस्टर में प्राकृतिक खेती शुरू होगी और किसानों को किसी भी नुकसान की भरपाई की जाएगी। कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के प्राकृतिक खेती प्रोत्साहन एवं क्लस्टर गठन कार्यक्रम के तहत हुए इस आयोजन में गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत उपस्थित रहे। सैनी ने यह भी कहा कि कृषि विभाग की लगभग 800 एकड़ भूमि केवल उन किसानों को पट्टे पर दी जाएगी जो कम से कम 10 वर्ष प्राकृतिक व जैविक खेती करेंगे, पंचायत भूमि पर प्राकृतिक व जैविक खेती की नीति अगले वर्ष बनेगी और मोरनी ब्लॉक को आदर्श प्राकृतिक व जैविक खेती ब्लॉक बनाया जाएगा।
मुख्य तथ्य
- तिथि और स्थान
- 7 जून 2026, कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय
- क्लस्टर
- कुरुक्षेत्र में 2,000 एकड़, 'स्मार्ट एग्रीकल्चर'
- भूमि पट्टा
- ~800 एकड़, कम से कम 10 वर्ष प्राकृतिक/जैविक खेती
- आदर्श ब्लॉक
- मोरनी
- अतिथि
- आचार्य देवव्रत
अभ्यास MCQ 2 प्रश्न
7 जून 2026 को हरियाणा ने 'स्मार्ट एग्रीकल्चर' पहल के तहत 2,000 एकड़ प्राकृतिक खेती क्लस्टर किस ज़िले में घोषित किया?
उत्तर देखें
सही उत्तर: B — कुरुक्षेत्र
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के सहयोग से कुरुक्षेत्र ज़िले में 2,000 एकड़ क्लस्टर की घोषणा की।
7 जून 2026 की हरियाणा की प्राकृतिक खेती संबंधी घोषणाओं के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. कृषि विभाग की लगभग 800 एकड़ भूमि केवल कम से कम 10 वर्ष प्राकृतिक व जैविक खेती करने वाले किसानों को पट्टे पर दी जाएगी। 2. मोरनी ब्लॉक को आदर्श प्राकृतिक व जैविक खेती ब्लॉक बनाया जाएगा। उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
उत्तर देखें
सही उत्तर: D — 1 और 2 दोनों
दोनों बातें कुरुक्षेत्र कार्यक्रम पर द ट्रिब्यून और टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट में हैं।