जनजातीय कार्य मंत्रालय ने बेंगलुरु में वन अधिकार अधिनियम के क्रियान्वयन पर पहला क्षेत्रीय समीक्षा सम्मेलन आयोजित किया
10 सितंबर 2026 को जनजातीय कार्य मंत्रालय ने पाँच दक्षिणी राज्यों के साथ बेंगलुरु में वन अधिकार अधिनियम, 2006 के क्रियान्वयन पर पहला क्षेत्रीय समीक्षा सम्मेलन आयोजित किया।
सारांश
जनजातीय कार्य मंत्रालय ने 10 सितंबर 2026 को कर्नाटक के बेंगलुरु में अनुसूचित जनजाति और अन्य परंपरागत वन निवासी (वन अधिकारों की मान्यता) अधिनियम, 2006 (FRA) के क्रियान्वयन पर पहला क्षेत्रीय समीक्षा सम्मेलन आयोजित किया। आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु और तेलंगाना के जनजातीय कल्याण, राजस्व और वन विभागों के अधिकारियों ने प्रगति की समीक्षा की। मंत्रालय ने बताया कि 30 जून 2026 तक राष्ट्रीय स्तर पर 54 लाख से अधिक व्यक्तिगत वन अधिकार दावे प्राप्त हुए, लगभग 238 लाख एकड़ पर करीब 25.42 लाख पट्टे वितरित हुए, 10 लाख से अधिक दावे लंबित हैं और 19,845 सामुदायिक वन अधिकार मान्य किए गए हैं। राज्यों से लंबित दावों के समयबद्ध निपटान, सामुदायिक वन संसाधन अधिकारों और विशेष रूप से कमज़ोर जनजातीय समूहों (PVTGs) के पर्यावास अधिकारों की मान्यता तथा मान्य अधिकारों को भूमि अभिलेखों में दर्ज करने को प्राथमिकता देने को कहा गया।
मुख्य तथ्य
- कार्यक्रम
- FRA पर पहला क्षेत्रीय समीक्षा सम्मेलन — बेंगलुरु, 10 सितंबर 2026
- राज्य
- आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु, तेलंगाना
- कानून
- वन अधिकार अधिनियम, 2006
- IFR दावे (30 जून 2026)
- 54 लाख+ प्राप्त; ~238 लाख एकड़ पर ~25.42 लाख पट्टे
- लंबित
- 10 लाख+ दावे
- CFR
- 19,845 मान्य
- फोकस
- PVTGs के पर्यावास अधिकार; CFR संसाधन अधिकार; भूमि अभिलेख
अभ्यास MCQ 3 प्रश्न
10 सितंबर 2026 को वन अधिकार अधिनियम के क्रियान्वयन पर पहला क्षेत्रीय समीक्षा सम्मेलन कहाँ आयोजित हुआ?
उत्तर देखें
सही उत्तर: D — बेंगलुरु
जनजातीय कार्य मंत्रालय ने पाँच दक्षिणी राज्यों के साथ कर्नाटक के बेंगलुरु में सम्मेलन आयोजित किया।
30 जून 2026 तक FRA के तहत राष्ट्रीय स्तर पर लगभग कितने व्यक्तिगत वन अधिकार पट्टे वितरित किए गए थे?
उत्तर देखें
सही उत्तर: C — लगभग 25.42 लाख
54 लाख से अधिक प्राप्त दावों के मुकाबले लगभग 238 लाख एकड़ पर करीब 25.42 लाख पट्टे वितरित किए गए थे।
बेंगलुरु में वन अधिकार अधिनियम समीक्षा (सितंबर 2026) के बारे में निम्नलिखित पर विचार करें: 1. सम्मेलन में तेलंगाना और केरल सहित पाँच दक्षिणी राज्य शामिल थे। 2. राज्यों से विशेष रूप से कमज़ोर जनजातीय समूहों (PVTGs) के पर्यावास अधिकारों की मान्यता को प्राथमिकता देने को कहा गया। उपरोक्त में से कौन सा/से कथन सही है/हैं?
उत्तर देखें
सही उत्तर: C — 1 और 2 दोनों
दोनों सही हैं। आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु और तेलंगाना ने भाग लिया, और राज्यों से अन्य कदमों के साथ PVTG पर्यावास अधिकारों को प्राथमिकता देने को कहा गया।