निर्वाचन आयोग ने कहा, डुप्लिकेट EPIC नंबर का अर्थ फ़र्ज़ी मतदाता नहीं; हर मतदाता को अद्वितीय EPIC मिलेगा
भारत निर्वाचन आयोग ने 2 मार्च 2025 को स्पष्ट किया कि अलग-अलग राज्यों के मतदाताओं के समान EPIC नंबर होने का अर्थ डुप्लिकेट या फ़र्ज़ी मतदाता नहीं है, और कहा कि वह हर पंजीकृत मतदाता को अद्वितीय EPIC नंबर सुनिश्चित करेगा।
सारांश
भारत निर्वाचन आयोग ने 2 मार्च 2025 को स्पष्ट किया कि अलग-अलग राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के कुछ मतदाताओं के मतदाता फ़ोटो पहचान पत्र (EPIC) नंबर समान हो सकते हैं, पर उनके अन्य विवरण, विधानसभा क्षेत्र और मतदान केंद्र अलग हैं, और हर मतदाता केवल उसी मतदान केंद्र पर मतदान कर सकता है जहाँ वह पंजीकृत है। समान नंबर इसलिए बने क्योंकि सभी राज्यों/UT का मतदाता सूची डेटाबेस ERONET प्लेटफ़ॉर्म पर आने से पहले विकेंद्रीकृत और मैनुअल व्यवस्था में कुछ मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालयों ने एक ही अल्फ़ान्यूमेरिक शृंखला का उपयोग किया। आयोग ने कहा कि वह पंजीकृत मतदाताओं को अद्वितीय EPIC नंबर देगा, किसी भी डुप्लिकेट को ठीक करेगा और इसके लिए ERONET 2.0 प्लेटफ़ॉर्म को अपडेट करेगा।
मुख्य तथ्य
- तिथि
- 2 मार्च 2025
- मुद्दा
- राज्यों/UT में समान EPIC नंबर
- कारण
- ERONET से पहले एक ही अल्फ़ान्यूमेरिक शृंखला का उपयोग
- समाधान
- हर मतदाता को अद्वितीय EPIC; ERONET 2.0 अपडेट होगा
अभ्यास MCQ 2 प्रश्न
निर्वाचन आयोग के 2 मार्च 2025 के स्पष्टीकरण के अनुसार हर पंजीकृत मतदाता को अद्वितीय EPIC नंबर देने में मदद के लिए किस प्लेटफ़ॉर्म को अपडेट किया जाएगा?
उत्तर देखें
सही उत्तर: B — ERONET 2.0
आयोग ने कहा कि डुप्लिकेट EPIC नंबर ठीक किए जाएँगे और इस प्रक्रिया में मदद के लिए ERONET 2.0 प्लेटफ़ॉर्म अपडेट होगा।
डुप्लिकेट EPIC नंबरों पर निर्वाचन आयोग के स्पष्टीकरण (2 मार्च 2025) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. संविधान के अनुच्छेद 324 के तहत मतदाता सूची तैयार करने का अधीक्षण, निदेशन और नियंत्रण निर्वाचन आयोग में निहित है। 2. समान EPIC नंबर इसलिए बने क्योंकि ERONET पर आने से पहले कुछ राज्य CEO कार्यालयों ने एक ही अल्फ़ान्यूमेरिक शृंखला का उपयोग किया। 3. आयोग ने कहा कि डुप्लिकेट EPIC नंबर वाला मतदाता संबंधित दोनों राज्यों में से किसी में भी मतदान कर सकता है। ऊपर दिए गए कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
उत्तर देखें
सही उत्तर: B — केवल 1 और 2
कथन 1 और 2 सही हैं। अनुच्छेद 324 मतदाता सूची का अधीक्षण निर्वाचन आयोग में निहित करता है, और डुप्लिकेट ERONET से पहले की विकेंद्रीकृत, मैनुअल व्यवस्था से बने। कथन 3 गलत है: मतदाता केवल उसी निर्धारित मतदान केंद्र पर मतदान कर सकता है जहाँ वह पंजीकृत है।