केंद्र ने वेरावल में भारत के अनन्य आर्थिक क्षेत्र में मत्स्यन के लिए निःशुल्क ऑनलाइन एक्सेस पास शुरू किया
मत्स्यपालन मंत्री राजीव रंजन सिंह ने 20 फरवरी 2026 को गुजरात के वेरावल में सभी 13 तटीय राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों के लिए भारत के अनन्य आर्थिक क्षेत्र (EEZ) में मत्स्यन हेतु एक्सेस पास शुरू किया।
सारांश
मत्स्यपालन मंत्री राजीव रंजन सिंह ने 20 फरवरी 2026 को गुजरात के वेरावल में सभी 13 तटीय राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों के लिए भारत के अनन्य आर्थिक क्षेत्र (EEZ) में मत्स्यन हेतु एक्सेस पास शुरू किया और 24 मत्स्य सहकारी समितियों के 37 मछुआरों को पास सौंपे। पास ReALCRaft ऑनलाइन पोर्टल से निःशुल्क जारी होता है, ताकि मत्स्य सहकारी समितियाँ और FFPO टूना जैसी उच्च मूल्य वाली समुद्री प्रजातियों का सतत दोहन कर सकें। अभी अधिकांश भारतीय मत्स्यन 40–50 समुद्री मील तक सीमित है, जबकि EEZ 12 से 200 समुद्री मील तक फैला है। स्थैतिक संदर्भ: अनन्य आर्थिक क्षेत्र में मत्स्य संसाधनों का सतत दोहन नियम, 2025, 4 नवंबर 2025 को राज्यक्षेत्रीय सागर-खंड, महाद्वीपीय मग्नतट भूमि, अनन्य आर्थिक क्षेत्र और अन्य सामुद्रिक क्षेत्र अधिनियम, 1976 के तहत अधिसूचित हुए। भारत का EEZ लगभग 24 लाख वर्ग किमी है, जिसमें अंडमान-निकोबार और लक्षद्वीप का हिस्सा 49% है।
मुख्य तथ्य
- तिथि और स्थान
- 20 फरवरी 2026, वेरावल, गुजरात
- शुरुआतकर्ता
- केंद्रीय मत्स्यपालन मंत्री राजीव रंजन सिंह
- कवरेज
- सभी 13 तटीय राज्य/केंद्रशासित प्रदेश
- पोर्टल
- ReALCRaft, निःशुल्क
- नियम
- EEZ मत्स्य नियम, 2025 (4 नवंबर 2025 को अधिसूचित)
- मूल अधिनियम
- सामुद्रिक क्षेत्र अधिनियम, 1976
- EEZ
- लगभग 24 लाख वर्ग किमी; अंडमान-निकोबार और लक्षद्वीप 49%
अभ्यास MCQ 3 प्रश्न
20 फरवरी 2026 को भारत के अनन्य आर्थिक क्षेत्र में मत्स्यन हेतु एक्सेस पास कहाँ शुरू किया गया?
उत्तर देखें
सही उत्तर: A — वेरावल, गुजरात
मत्स्यपालन मंत्री राजीव रंजन सिंह ने वेरावल, गुजरात के KCC ग्राउंड में EEZ एक्सेस पास शुरू किया।
EEZ मत्स्यन एक्सेस पास किस ऑनलाइन पोर्टल से निःशुल्क जारी होता है?
उत्तर देखें
सही उत्तर: B — ReALCRaft
एक्सेस पास ReALCRaft ऑनलाइन पोर्टल से निःशुल्क जारी होते हैं।
भारत के अनन्य आर्थिक क्षेत्र (EEZ) में मत्स्यन के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. EEZ में मत्स्य संसाधनों का सतत दोहन नियम, 2025, 1976 के सामुद्रिक क्षेत्र अधिनियम के तहत अधिसूचित हुए। 2. अंडमान-निकोबार द्वीपसमूह और लक्षद्वीप मिलकर भारत के EEZ का लगभग 49% हैं। उपरोक्त में से कौन-सा/से सही है/हैं?
उत्तर देखें
सही उत्तर: C — 1 और 2 दोनों
दोनों सही हैं। नियम 4 नवंबर 2025 को 1976 के सामुद्रिक क्षेत्र अधिनियम के तहत अधिसूचित हुए और अंडमान-निकोबार व लक्षद्वीप भारत के EEZ का 49% हैं।