वित्त वर्ष 2024-25 में भारत का कोयला आयात 7.9% घटकर 243.62 मिलियन टन
कोयला मंत्रालय ने 27 मई 2025 को बताया कि वित्त वर्ष 2024-25 में कोयला आयात 7.9% घटकर 243.62 मिलियन टन रहा (पिछले वर्ष 264.53 MT), जिससे लगभग 7.93 अरब डॉलर की विदेशी मुद्रा बची।
सारांश
कोयला मंत्रालय के अनुसार (27 मई 2025) वित्त वर्ष 2024-25 में भारत का कोयला आयात 7.9% घटकर 243.62 मिलियन टन (MT) रहा, जबकि 2023-24 में यह 264.53 MT था। इससे लगभग 7.93 अरब डॉलर (₹60,681.67 करोड़) की विदेशी मुद्रा की बचत हुई। गैर-विनियमित क्षेत्र (बिजली को छोड़कर) का आयात 8.95% घटा, और ताप विद्युत संयंत्रों द्वारा मिश्रण के लिए आयात 41.4% घटा, जबकि कोयला-आधारित बिजली उत्पादन 3.04% बढ़ा। 2024-25 में घरेलू कोयला उत्पादन 5% बढ़ा; मंत्रालय ने इसका श्रेय वाणिज्यिक कोयला खनन और मिशन कोकिंग कोल जैसी पहलों को दिया।
मुख्य तथ्य
- 2024-25 आयात
- 243.62 MT (−7.9%)
- 2023-24 आयात
- 264.53 MT
- विदेशी मुद्रा बचत
- ≈7.93 अरब डॉलर (₹60,681.67 करोड़)
- मिश्रण हेतु आयात (ताप संयंत्र)
- −41.4%
- गैर-विनियमित क्षेत्र आयात
- −8.95%
- घरेलू उत्पादन
- 2024-25 में +5%
अभ्यास MCQ 2 प्रश्न
वित्त वर्ष 2023-24 की तुलना में 2024-25 में भारत का कोयला आयात कितना घटा?
उत्तर देखें
सही उत्तर: A — 7.9%
कोयला आयात 7.9% घटकर 243.62 MT रहा। 8.95% गैर-विनियमित क्षेत्र की गिरावट है और 41.4% ताप संयंत्रों के मिश्रण-आयात की; 5% घरेलू उत्पादन वृद्धि है।
वित्त वर्ष 2024-25 में कोयले के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. ताप विद्युत संयंत्रों द्वारा मिश्रण के लिए कोयले का आयात 41.4% घटा। 2. वर्ष के दौरान कोयला-आधारित बिजली उत्पादन घटा। उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
उत्तर देखें
सही उत्तर: A — केवल 1
कथन 1 सही है। कथन 2 ग़लत है: कोयला-आधारित बिजली उत्पादन 3.04% बढ़ा।