APEDA ने झारखंड से ब्रिटेन को ताज़े आमों का पहला निर्यात कराया
4 जून 2026 को कोलकाता में APEDA ने झारखंड से ब्रिटेन के लिए ताज़े आमों की पहली व्यावसायिक खेप, सिमडेगा की एक महिला FPC के 1.5 टन आम्रपाली आम, रवाना की।
सारांश
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के अधीन कृषि एवं प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (APEDA) ने 4 जून 2026 को कोलकाता में एक समारोह में झारखंड से ब्रिटेन के लिए ताज़े आमों की पहली व्यावसायिक खेप को हरी झंडी दिखाई। 1.5 मीट्रिक टन आम्रपाली आम की यह खेप सिमडेगा ज़िले के बानो प्रखंड की पूर्णतः महिला किसान उत्पादक कंपनी बेउरा FPC लि. से ली गई और मेसर्स JGB एग्रोफ्रेश प्रा. लि., कोलकाता ने इसे लंदन निर्यात किया। यह खेप APEDA द्वारा 5 मई 2026 को सिमडेगा के किसान समूहों के लिए आयोजित निर्यात-उन्मुख क्षमता निर्माण कार्यक्रम के बाद भेजी गई, और किसानों को घरेलू बाज़ार से अधिक दाम मिले।
मुख्य तथ्य
- तिथि और स्थान
- 4 जून 2026, कोलकाता
- उत्पाद
- झारखंड के ताज़े आम्रपाली आम
- मात्रा
- 1.5 मीट्रिक टन
- गंतव्य
- लंदन, ब्रिटेन
- स्रोत
- बेउरा FPC (महिला), बानो, सिमडेगा
अभ्यास MCQ 3 प्रश्न
4 जून 2026 को रवाना की गई झारखंड के ताज़े आमों की पहली व्यावसायिक खेप किस देश को निर्यात की गई?
उत्तर देखें
सही उत्तर: A — ब्रिटेन
APEDA ने झारखंड के ताज़े आमों की पहली खेप लंदन, ब्रिटेन के लिए रवाना की।
जून 2026 में झारखंड से ब्रिटेन भेजी गई पहली खेप में आम की कौन-सी किस्म थी?
उत्तर देखें
सही उत्तर: C — आम्रपाली
खेप में 1.5 मीट्रिक टन ताज़े आम्रपाली आम थे।
जून 2026 के झारखंड आम निर्यात के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. आम सिमडेगा ज़िले की एक पूर्णतः महिला किसान उत्पादक कंपनी से लिए गए। 2. खेप को रांची से हरी झंडी दिखाई गई। उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
उत्तर देखें
सही उत्तर: B — केवल 1
कथन 1 सही है (बेउरा FPC, बानो, सिमडेगा)। हरी झंडी कोलकाता में दिखाई गई, रांची में नहीं।